अध्यक्ष
समिति का नेतृत्व अध्यक्ष द्वारा किया जा रहा है। अध्यक्ष समिति के उद्देश्यों की प्राप्ति हेतु निरंतर मार्गदर्शन एवं समन्वय स्थापित कर रहे हैं। उनके नेतृत्व में समिति के सभी पदाधिकारी एवं सदस्य आपसी सहयोग, पारदर्शिता एवं सामाजिक समर्पण की भावना के साथ कार्य कर रहे हैं। समिति की प्रत्येक बैठक की अध्यक्षता अध्यक्ष द्वारा की जाती है तथा बैठकों का संचालन सुव्यवस्थित एवं अनुशासित ढंग से संपन्न कराया जाता है। बैठकों में सभी सदस्यों को अपने विचार एवं सुझाव रखने का समुचित अवसर प्रदान किया जाता है। समिति से संबंधित महत्वपूर्ण निर्णय सर्वसम्मति अथवा बहुमत के आधार पर लिए जाते हैं, जिनकी अंतिम सहमति अध्यक्ष द्वारा प्रदान की जाती है। अध्यक्ष समिति के निर्णयों के प्रभावी क्रियान्वयन एवं उनकी निगरानी की जिम्मेदारी भी निभा रहे हैं। समाजहित, विकास कार्यों एवं संगठनात्मक मजबूती के प्रति उनका नेतृत्व समिति को निरंतर प्रगतिशील दिशा प्रदान कर रहा है।
उपाध्यक्ष , पूर्व ग्राम प्रधान बरंगल,समाजसेवा एवं जनहित के लिए समर्पित व्यक्तित्व
श्री बाला दत्त शर्मा जी पूर्व ग्राम प्रधान बरंगल एवं एक सक्रिय सामाजिक कार्यकर्ता के रूप में समाजहित एवं क्षेत्रीय विकास को सदैव प्राथमिकता देते रहे हैं। शिक्षा, समाजसेवा एवं जनकल्याण के क्षेत्र में उनका योगदान अत्यंत सराहनीय एवं प्रेरणादायी रहा है। उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण पहल करते हुए महेश दयानंद विद्या मंदिर की स्थापना कर क्षेत्र में शैक्षिक जागरूकता को नई दिशा प्रदान की। प्रभारी प्रबंधक के रूप में उन्होंने पहले प्राथमिक विद्यालय तथा बाद में जूनियर हाई स्कूल की स्थापना कर शिक्षा के विस्तार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वर्तमान में विद्यालय में लगभग 300 छात्र-छात्राएँ अध्ययनरत हैं, जिनमें से अनेक छात्र आज डॉक्टर, इंजीनियर, शिक्षक एवं सेना जैसे प्रतिष्ठित पदों पर कार्यरत होकर क्षेत्र एवं समाज का नाम रोशन कर रहे हैं। वर्तमान में वे 13 चिंतौली क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करते हुए जनहित एवं विकास कार्यों में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। इसके साथ ही वे आर्य इंटर कॉलेज देघाट की प्रबंध कार्यकारिणी के सदस्य, आर इंटर कॉलेज टीटरी गुरूणा के प्रबंधक तथा राजेश्वरी करुणा स्कूल, बरंगल खल्डुवाके सदस्य के रूप में शिक्षा एवं समाजहित के कार्यों में निरंतर योगदान प्रदान कर रहे हैं। ग्रामीण विकास, जनसंपर्क, सामाजिक एकता एवं क्षेत्रीय विकास के लिए उनका योगदान सदैव महत्वपूर्ण रहा है। समिति के उपाध्यक्ष के रूप में वे अध्यक्ष की अनुपस्थिति में समिति का संपूर्ण कार्यभार कुशलतापूर्वक संभालते हैं तथा प्रशासनिक, वित्तीय एवं जनसंपर्क संबंधी कार्यों का सफल संचालन करते हैं। सामाजिक एवं विकासात्मक कार्यक्रमों में सक्रिय भूमिका निभाते हुए वे सदस्यों के बीच समन्वय स्थापित कर कार्यों को प्रभावी ढ
सचिव, ग्राम प्रधान प्रतिनिधि एवं पूर्व ग्राम प्रधान, कफलगैर
श्री पुरन बंगारी एक सक्रिय सामाजिक कार्यकर्ता एवं जनहित के प्रति समर्पित व्यक्तित्व हैं। वे समाजसेवा, ग्रामीण विकास एवं क्षेत्रीय हितों से जुड़े कार्यों में निरंतर सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। समिति की प्रशासनिक जिम्मेदारियों के अंतर्गत नियमित एवं विशेष बैठकों का समय-समय पर आयोजन किया जाता है तथा बैठक की सूचना सभी सदस्यों को पूर्व में उपलब्ध कराई जाती है। बैठकों में लिए गए निर्णय सामूहिक सहमति से किए जाते हैं। प्रत्येक बैठक की कार्यवाही लिखित रूप में सुरक्षित रखी जाती है तथा उसकी प्रति संबंधित सदस्यों को उपलब्ध कराई जाती है। समिति के सभी प्रशासनिक कार्य पारदर्शी एवं व्यवस्थित ढंग से संचालित किए जाते हैं। दस्तावेज़, अभिलेख एवं पत्राचार को सुव्यवस्थित एवं सुरक्षित रखा जाता है। प्रशासनिक कार्यों का संचालन अध्यक्ष, सचिव एवं अन्य पदाधिकारियों की देखरेख में किया जाता है। समिति के सचिव के रूप में उन्हें बैठक संबंधी कार्यवाही तैयार करना, सदस्यों को सूचना प्रेषित करना, अभिलेखों का संधारण करना, पत्राचार का संचालन करना तथा समिति के प्रशासनिक कार्यों को सुव्यवस्थित ढंग से संपादित करना होगा। इसके अतिरिक्त वे समिति के निर्णयों के क्रियान्वयन, सामाजिक सहयोग एवं विकास कार्यों के समन्वय में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
कोषाध्यक्ष
समिति के सुचारू संचालन हेतु आय-व्यय का प्रबंधन, फंड का सुरक्षित रख-रखाव एवं लेखा-जोखा संधारित करना आवश्यक है। इसके अंतर्गत – समिति की प्राप्त सभी आय का विधिवत लेखा रखा जाएगा। व्यय केवल समिति के उद्देश्यों एवं सर्वसम्मति से स्वीकृत कार्यों पर किया जाएगा। सभी आय-व्यय का संपूर्ण विवरण पारदर्शी ढंग से रजिस्टर/खाते में दर्ज किया जाएगा। निर्धारित समय पर ऑडिट/समीक्षा कर सदस्यों के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा।
मीडिया प्रभारी
1. गतिविधियों का प्रचार-प्रसार समिति की सभी योजनाओं, कार्यक्रमों एवं गतिविधियों का व्यापक एवं प्रभावी प्रचार-प्रसार किया जाएगा। इसके लिए सूचना-पट्ट, पंपलेट, बैनर, सोशल मीडिया, स्थानीय समाचार-पत्रों तथा अन्य संचार माध्यमों का उपयोग किया जाएगा, ताकि समिति की जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुँच सके तथा जनभागीदारी सुनिश्चित हो सके। 2. जनसंपर्क समिति समाज के सभी वर्गों के साथ सतत संवाद एवं समन्वय बनाए रखेगी। जनता की समस्याओं, सुझावों एवं आवश्यकताओं को सुनकर उन्हें समिति की कार्ययोजना में सम्मिलित किया जाएगा। क्षेत्रीय स्तर पर अधिक से अधिक जनसहभागिता सुनिश्चित करने हेतु नियमित जनसंपर्क अभियान एवं बैठकें आयोजित की जाएंगी। 3. मीडिया समन्वय समिति के कार्यों, उपलब्धियों एवं गतिविधियों की जानकारी समय-समय पर प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया को उपलब्ध कराई जाएगी। पत्रकारों एवं मीडिया संस्थानों के साथ सहयोगात्मक एवं सकारात्मक संबंध बनाए रखे जाएंगे। समिति की पारदर्शिता, सकारात्मक छवि एवं गतिविधियों की तथ्यात्मक प्रस्तुति सुनिश्चित की जाएगी। 4. संबंधित विभागों से पत्राचार एवं अनुवर्ती कार्यवाही समिति जनहित से जुड़े विषयों एवं समस्याओं के समाधान हेतु संबंधित विभागों एवं अधिकारियों से नियमित पत्राचार करेगी। आवश्यक विषयों पर लिखित रूप से शिकायत, सुझाव एवं मांग-पत्र प्रेषित किए जाएंगे। साथ ही, उन पर हुई कार्यवाही की निरंतर समीक्षा एवं फॉलोअप लिया जाएगा, ताकि समस्याओं का समयबद्ध एवं प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जा सके।
सह मीडिया प्रभारी एवं सह-व्यवस्थापक
समिति की योजनाओं, कार्यक्रमों एवं गतिविधियों का प्रचार-प्रसार करना। सोशल मीडिया, पोस्टर, बैनर एवं अन्य प्रचार माध्यमों का संचालन एवं प्रबंधन करना। समिति की बैठकों एवं कार्यक्रमों की सूचना जनता तक पहुँचाना। फोटो, वीडियो एवं समाचार सामग्री तैयार कर अभिलेखीकरण करना। मीडिया एवं जनसंपर्क से संबंधित कार्यों में समन्वय स्थापित करना। व्यवस्थापक के सहयोग से समिति के प्रशासनिक कार्यों का संचालन करना। समिति के निर्णयों एवं गतिविधियों की पारदर्शी जानकारी उपलब्ध कराना। आवश्यकतानुसार समिति की बैठकों एवं कार्यक्रमों के संचालन में सहयोग देना।
व्यवस्थापक
समिति के समस्त प्रशासनिक एवं संगठनात्मक कार्यों का संचालन करना। समिति की बैठकों का आयोजन एवं निर्णयों का क्रियान्वयन सुनिश्चित करना। समिति के सदस्यों के बीच समन्वय एवं अनुशासन बनाए रखना। विकास योजनाओं एवं सामाजिक कार्यक्रमों की निगरानी करना। समिति की आय-व्यय एवं अभिलेखों की देखरेख करना। सरकारी एवं गैर-सरकारी संस्थाओं के साथ संपर्क एवं समन्वय स्थापित करना। समिति की प्रगति एवं कार्यों की समीक्षा करना। समिति के उद्देश्यों एवं नियमों के अनुसार सभी कार्यों का संचालन सुनिश्चित करना
एक सक्रिय समाजसेवी एवं अध्यापक
श्री सुरेंद्र पोखरियाल एक अध्यापकएवं सक्रिय समाजसेवी हैं, जो समाजहित, जनकल्याण, सामाजिक एकता एवं क्षेत्रीय विकास के कार्यों में निरंतर योगदान दे रहे हैं। एक अध्यापक के साथ-साथ वे समाज में शिक्षा, जागरूकता और नैतिक मूल्यों के प्रसार हेतु भी समर्पित भाव से कार्य कर रहे हैं। उनके प्रयासों से अनेक लोगों को प्रेरणा एवं मार्गदर्शन प्राप्त हो रहा है।
एक सक्रिय समाजसेवी
समिति के प्रति सदैव सहयोगी एवं समर्पित व्यक्तित्व रहे हैं। उनका सहयोग एवं मार्गदर्शन समय-समय पर समिति को निरंतर प्राप्त होता रहा है। वे सामाजिक एवं जनहित के कार्यों में सक्रिय सहभागिता निभाते हुए समिति को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण योगदान प्रदान कर रहे हैं।
वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी एवं सक्रिय समाजसेवी
श्री गोविंद सिंह रावत सामाजिक एकता, जनसहयोग एवं क्षेत्रीय विकास के लिए निरंतर कार्यरत रहते हुए समिति को मार्गदर्शन प्रदान कर रहे हैं। साथ ही वे एक वरिष्ठ प्रशासनिक कर्मी भी रहे हैं। अपने अनुभव, दूरदृष्टि एवं कार्यकुशलता के माध्यम से वे समिति को नई दिशा देने तथा विभिन्न सामाजिक एवं विकासात्मक कार्यों में निरंतर सहयोग प्रदान कर रहे हैं। उनके मार्गदर्शन से समिति के कार्यों को मजबूती एवं प्रभावशीलता प्राप्त हो रही है।
समाजसेवा व शिक्षा के लिए समर्पित व्यक्तित्व
श्री त्रिलोक सिंह बेलवाल एक प्रखर सामाजिक कार्यकर्ता, समर्पित शिक्षक एवं लोकप्रिय जनप्रतिनिधि हैं, जिन्होंने सदैव समाजहित और जनकल्याण को अपने जीवन का प्रमुख उद्देश्य माना है। पूर्व ग्राम प्रधान एवं ग्राम प्रधान संगठन स्याल्दे के अध्यक्ष के रूप में उन्होंने ग्रामीण विकास, शिक्षा, स्वास्थ्य एवं जनसमस्याओं के समाधान हेतु उल्लेखनीय एवं प्रेरणादायी कार्य किए हैं। एक शिक्षक के रूप में वे शिक्षा को समाज के समग्र विकास की आधारशिला मानते हैं तथा बच्चों को गुणवत्तापूर्ण एवं संस्कारयुक्त शिक्षा प्रदान करने के लिए निरंतर प्रयासरत रहते हैं। उनका मानना है कि शिक्षित समाज ही सशक्त और आत्मनिर्भर राष्ट्र का निर्माण कर सकता है। श्री बेलवाल ने विभिन्न सामाजिक एवं राजनीतिक दायित्वों का सफलतापूर्वक निर्वहन किया है, जिनमें प्रमुख रूप से— पूर्व वार्ड सदस्य (2009–2014) क्षेत्र पंचायत सदस्य, बरंगल (2014–2019) ग्राम पंचायत परिसीमन (2019) के दौरान खाल्यों पंचायत के गठन में महत्वपूर्ण भूमिका अध्यक्ष, व्यापार मंडल नागचुलाखाल (2005–2014) जैसी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ शामिल हैं। उन्होंने प्रत्येक पद पर ईमानदारी, निष्ठा एवं सेवा भाव के साथ कार्य करते हुए समाज के लिए एक प्रेरणादायी उदाहरण प्रस्तुत किया है। विभिन्न समितियों एवं सामाजिक संगठनों द्वारा आयोजित बड़े-बड़े कार्यक्रमों एवं आयोजनों के सफल संचालन में भी उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। अपनी प्रभावशाली वाणी, नेतृत्व क्षमता एवं उत्कृष्ट जनसंपर्क कौशल के कारण श्री त्रिलोक सिंह बेलवाल को क्षेत्र के एक प्रखर प्रवक्ता एवं जननेता के रूप में विशेष पहचान एवं सम्मान प्राप्त है। आज भी वे अपने अनुभव, सेवाभाव एवं कार्यशैली से युवाओं और समाज को निरंतर प्रेरित कर रहे हैं।
समिति के मार्गदर्शक एवं सहयोगी सदस्य
समिति के प्रति सदैव सहयोगी एवं समर्पित व्यक्तित्व रहे हैं। उनका सहयोग एवं मार्गदर्शन समय-समय पर समिति को निरंतर प्राप्त होता रहा है। वे सामाजिक एवं जनहित के कार्यों में सक्रिय सहभागिता निभाते हुए समिति को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण योगदान प्रदान कर रहे हैं।
समिति के मार्गदर्शक एवं सहयोगी सदस्य
• श्री मोहन चन्द्र पोखरियाल – समिति के मार्गदर्शक एवं संरक्षक के रूप में निरंतर मार्गदर्शन प्रदान कर रहे हैं। जनसंपर्क एवं ग्रामीण विकास के क्षेत्र में उनका महत्वपूर्ण योगदान रहा है। • श्री गणेशी राम – समाजहित एवं जनसेवा के कार्यों में सक्रिय सहयोग प्रदान करते हुए समिति की गतिविधियों में सहभागिता निभा रहे हैं। • श्री बाला दत्त पांडेय – समाजहित एवं क्षेत्रीय विकास के कार्यों में सक्रिय सहभागिता निभाते हुए समिति को मार्गदर्शन एवं सहयोग प्रदान कर रहे हैं। • श्री चंदन सिंह रावत – समिति की सामाजिक एवं विकासात्मक गतिविधियों में सहयोग देते हुए क्षेत्रहित के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। • श्री महेश चन्द्र बलोदी – समिति के सक्रिय सहयोगी, जनप्रतिनिधि एवं समाजहित के प्रति समर्पित व्यक्तित्व हैं। वे सामाजिक, विकासात्मक एवं जनकल्याण से जुड़े कार्यों में निरंतर सहयोग एवं प्रेरणा प्रदान कर रहे हैं। • श्री रमेश मठपाल – एक अध्यापक होने के साथ-साथ शिक्षा, जागरूकता एवं नैतिक मूल्यों के प्रसार हेतु समर्पित भाव से कार्य कर रहे हैं। उनके प्रयासों से अनेक लोगों को प्रेरणा एवं मार्गदर्शन प्राप्त हो रहा है। • श्री प्रकाश गिरी – समिति के सहयोगी सदस्य के रूप में समाजहित, जनसहयोग एवं क्षेत्रीय विकास के कार्यों में निरंतर सक्रिय योगदान प्रदान कर रहे हैं। • इसके अतिरिक्त समिति के अन्य सहयोगी सदस्य एवं अनेक सम्मानित व्यक्तित्व भी समाजसेवा, जनकल्याण एवं क्षेत्रीय विकास के कार्यों में निरंतर सहयोग एवं सहभागिता प्रदान कर रहे हैं। 🙏